A:
(क) 1. आदमी का बादशाही रूप
2. आदमी का मालदारी रूप
3. आदमी का कमजोरी वाला रूप
4.आदमी का सà¥à¤µà¤¾à¤¦à¤¿à¤·à¥à¤Ÿ à¤à¥‹à¤œà¤¨ करने वाला रूप
5. आदमी का सूखी रोटियाठचबने वाला रूप
(ख) सकारातà¥à¤®à¤• रूप
1. à¤à¤• आदमी शाही किसà¥à¤® के ठाट – बाट à¤à¥‹à¤—ता था I
2. à¤à¤• आदमी मालामाल होता था I
3. à¤à¤• सà¥à¤µà¤¾à¤¦à¤¿à¤·à¥à¤Ÿ à¤à¥‹à¤œà¤¨ खाता था I
4. à¤à¤• धरà¥à¤®à¤¸à¥à¤¥à¤²à¥‹ में धारà¥à¤®à¤¿à¤• पà¥à¤¸à¥à¤¤à¤•े पà¥à¤¤à¤¾ था I
5. à¤à¤• शरीफ समà¥à¤®à¤¾à¤¨à¤¿à¤¤ था I
नकारातà¥à¤®à¤• रूप
1. दूसरे आदमी को गरीबी में दिन बिताने पड़ते थे I
2. दूसरा आदमी कमजोर होता जाता था I
3. दूसरा सूखी रोटियाठचबाता था I 4. दूसरा धरà¥à¤®à¤¸à¥à¤¥à¤²à¥‹ पर जूतियाठचà¥à¤°à¤¾à¤¤à¤¾ था I 5. दूसरा दà¥à¤°à¤¾à¤šà¤¾à¤°à¥€ दà¥à¤°à¤µà¥à¤¯à¤µà¤¹à¤¾à¤° करने वाला था I
(ग) आदमी नामा शीरà¥à¤·à¤• कविता के अंशो को पड़कर हमारे मन में यह धारणा बनाती थी कि मनà¥à¤·à¥à¤¯ की अनेक आकार थे कोई वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ धनवान था किसी के पास खाने को कà¥à¤› नही था I
(घ) कविता का यह à¤à¤¾à¤— बहà¥à¤¤ अचà¥à¤›à¤¾ था – दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ में बादशाह है सो है वह à¤à¥€ आदमी à¤"र मà¥à¤«à¤²à¤¿à¤¸ – à¤" गंदा है सो वो à¤à¥€ आदमी जरदार बेनवा है सो है वो à¤à¥€ आदमी निअमत जो खा रहा है वो à¤à¥€ आदमी टà¥à¤•ड़े चबा रहा है सो है वो à¤à¥€ आदमी इस à¤à¤¾à¤— में कवि ने मनà¥à¤·à¥à¤¯ के विà¤à¤¿à¤¨à¥à¤¨ रूपों की वà¥à¤¯à¤¾à¤–ा की थी उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने यह बतलाया है की धनवान à¤"र निरà¥à¤§à¤¨ दोनों आदमी थे फिर à¤à¥€ उन दोनों में बहà¥à¤¤ बड़ा अंतर था इसी पà¥à¤°à¤•ार पहलवान à¤"र कमजोर वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ à¤à¥€ आदमी ही था I
(ड) आदमी नामा कविता के आधार की पà¥à¤°à¤µà¤¤à¤¿à¤¯à¤¾ विà¤à¤¿à¤¨à¥à¤¨ थी कà¥à¤› लोग à¤à¥‚त अचà¥à¤›à¥‡ होते थे कà¥à¤› लोग बहà¥à¤¤ बà¥à¤°à¥‡ होते थे कà¥à¤°à¤¾à¤¨ शरीफ का अरà¥à¤¥ बताते थे कà¥à¤› वही जूतियां चà¥à¤°à¤¾à¤¤à¥‡ थे I